उज्जैन महाकाल मंदिर की सुरक्षा में बड़ा बदलाव! अब होमगार्ड जवान संभालेंगे सुरक्षा, 488 पदों पर होगी भर्ती

By Ashish Meena
जनवरी 25, 2026

उज्जैन महाकाल मंदिर: विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में दर्शन के लिए आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर मध्य प्रदेश सरकार ने एक ऐतिहासिक निर्णय लिया है।

महाकाल लोक (Mahakal Lok) के लोकार्पण के बाद से लगातार बढ़ती भीड़ को देखते हुए अब मंदिर परिसर की सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह निजी हाथों से निकलकर सरकारी नियंत्रण में आने वाली है।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा के अनुरूप, अब महाकाल मंदिर के लिए होमगार्ड की चार विशेष कंपनियों का गठन किया जा रहा है।

Also Read – मध्यप्रदेश में मिले 26 टन गोमांस कांड का चीन कनेक्शन, मुंबई के जरिए अरब पहुंचाया जाता था मांस, हड्डियां भेजी जाती थीं चाइना, असलम और शोएब ने किए चौंकाने वाले खुलासे

पहली बार किसी मंदिर के लिए बनेगा ‘स्पेशल कैडर’

मध्य प्रदेश के इतिहास में यह पहली बार है जब किसी विशिष्ट धार्मिक स्थल के लिए अलग से होमगार्ड कैडर बनाया जा रहा है। इस योजना के तहत 488 होमगार्ड जवानों की भर्ती की जाएगी।

इन जवानों की सबसे बड़ी विशेषता यह होगी कि इनका स्थानांतरण (Transfer) कहीं और नहीं किया जा सकेगा। ये जवान अपनी पूरी सेवा अवधि के दौरान केवल महाकाल मंदिर, मुख्य परिसर और महाकाल लोक क्षेत्र में ही तैनात रहकर बाबा के भक्तों की सेवा करेंगे।

ESB के जरिए होगी पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया

इन 488 पदों पर भर्ती की जिम्मेदारी कर्मचारी चयन मंडल (ESB) को सौंपी गई है। गृह विभाग जल्द ही इसका आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी करेगा।

Also Read – MP के मौसम ने ली करवट, 27 और 28 जनवरी को प्रदेश के आधे हिस्से में बारिश का अलर्ट, स्ट्रॉन्ग सिस्टम हुआ सक्रिय

चयन प्रक्रिया: इसमें लिखित परीक्षा, शारीरिक दक्षता और साक्षात्कार शामिल हो सकते हैं।

प्रशिक्षण: चयनित जवानों को भीड़ नियंत्रण (Crowd Management), आपदा प्रबंधन और श्रद्धालुओं के साथ विनम्र व्यवहार के लिए विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा।

प्राइवेट एजेंसियों की होगी छुट्टी, बढ़ेगी जवाबदेही

वर्तमान में महाकाल मंदिर की सुरक्षा का बड़ा हिस्सा निजी सुरक्षा एजेंसियों के पास है। अक्सर निजी गार्ड्स और श्रद्धालुओं के बीच विवाद की खबरें सामने आती रहती हैं। सरकारी बल की तैनाती से न केवल सुरक्षा व्यवस्था अधिक भरोसेमंद होगी, बल्कि जवानों की जवाबदेही भी तय होगी। इससे मंदिर प्रशासन और जिला पुलिस के बीच बेहतर समन्वय स्थापित हो सकेगा।

श्रद्धालुओं की संख्या में रिकॉर्ड बढ़ोतरी

महाकाल लोक बनने के बाद उज्जैन में पर्यटकों और श्रद्धालुओं की संख्या में 5 से 10 गुना वृद्धि हुई है। त्योहारों और सावन के सोमवार जैसे विशेष अवसरों पर भीड़ को संभालना एक बड़ी चुनौती होती है। होमगार्ड की ये चार कंपनियां अत्याधुनिक उपकरणों और संचार तकनीक से लैस होंगी, जिससे मंदिर की आंतरिक और बाहरी सुरक्षा अभेद्य बनेगी।

आगे ये भी पढ़ें :
Ashish Meena

Ashish Meena

ashish-meena

आशीष मीणा हिंदी पत्रकार हैं और राष्ट्रीय तथा सामाजिक मुद्दों पर लिखते हैं। उन्होंने पत्रकारिता की पढ़ाई की है और वह तथ्यात्मक व निष्पक्ष रिपोर्टिंग पर ध्यान केंद्रित करते हैं।

»