लाडली बहनों के लिए बड़ी खबर, इन महिलाओं को मिलेंगे 1 लाख रुपए, जानें मोहन सरकार की नई योजना के बारे में सबकुछ
By Ashish Meena
जनवरी 23, 2026
इन महिलाओं को मिलेंगे 1 लाख रुपए: मध्य प्रदेश की सवा करोड़ से अधिक लाडली बहनों के लिए नए साल में एक और बड़ी खुशखबरी सामने आई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व वाली राज्य सरकार अब महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए एक और क्रांतिकारी कदम उठाने जा रही है।
इन्हें मिलेगी 1 लाख रुपये की आर्थिक सहायता
रिपोर्ट्स के मुताबिक, लाडली बहना योजना का लाभ ले रही महिलाओं को अब गौ-पालन (Cow Rearing) के लिए 1 लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता दी जाएगी। इस योजना का मुख्य उद्देश्य महिलाओं की आय बढ़ाना और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति देना है।
पशुपालन विभाग ने तैयार किया मेगा प्लान
मध्य प्रदेश का पशुपालन विभाग इस योजना का खाका तैयार कर रहा है। सरकार चाहती है कि लाडली बहना योजना से जुड़ी महिलाएं केवल मासिक आर्थिक सहायता पर निर्भर न रहें, बल्कि अपना खुद का व्यवसाय शुरू करें। गौ-पालन से जुड़ने के बाद न केवल महिलाओं की आर्थिक स्थिति सुधरेगी, बल्कि राज्य में दुग्ध उत्पादन (Milk Production) में भी भारी बढ़ोतरी होगी।
वर्गानुसार मिलेगी बंपर सब्सिडी
इस योजना की सबसे बड़ी खासियत इसमें मिलने वाला अनुदान (Subsidy) है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सरकार अलग-अलग वर्गों के लिए अलग-अलग सब्सिडी का प्रावधान कर रही है। मीडिया रिपोर्ट्स में जो बातें सामने निकलकर आ रही हैं, उसके मुताबिक अनुसूचित जाति और अनूसचित जनजाति से जुड़ी महिलाओं को 33 प्रतिशत का अनुदान दिया जाएगा।
Also Read – T20 World Cup 2026: टी-20 वर्ल्ड कप से बाहर हुआ बांग्लादेश, भारत में खेलने से किया इनकार, ये टीम लेगी जगह
वहीं ओबीसी वर्ग से जुड़ी महिलाओं को 25 प्रतिशत का अनुदान दिया जाएगा। अगर सबकुछ ठीक रहा तो जल्द ही इस योजना को शुरू किया जा सकता है। यह स्कीम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम हो सकती है।
बजट 2026 में हो सकता है बड़ा ऐलान
चर्चा है कि इस योजना को अगले राज्य बजट (MP Budget) में आधिकारिक रूप से शामिल किया जा सकता है। योजना के तहत सवा करोड़ महिलाओं को चरणबद्ध तरीके से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। शुरुआती तौर पर उन महिलाओं को प्राथमिकता दी जाएगी जिनके पास पशु रखने के लिए पर्याप्त जगह और प्राथमिक संसाधन उपलब्ध हैं।
योजना के मुख्य लाभ
आत्मनिर्भरता: महिलाएं दूध बेचकर अपनी मासिक आय में 5,000 से 10,000 रुपये की अतिरिक्त बढ़ोतरी कर सकेंगी।
जैविक खेती को बढ़ावा: गौ-पालन से मिलने वाले गोबर का उपयोग जैविक खाद बनाने में होगा।
ग्रामीण विकास: गांवों में रोजगार के अवसर पैदा होंगे और पलायन कम होगा।
लाडली बहना योजना के साथ इस नई गौ-पालन योजना का संगम मध्य प्रदेश की ग्रामीण महिलाओं के लिए ‘गेम चेंजर’ साबित हो सकता है। यह योजना न केवल धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व रखती है, बल्कि महिलाओं को आर्थिक सशक्तिकरण की नई राह भी दिखाएगी।
