MP में दर्दनाक हादसा: तालाब में डूबने से 7 साल के मासूम की मौत, भाई को बचाने कूदी बहन गंभीर
By Ashish Meena
मार्च 6, 2026
भाई-बहन के प्यार का प्रतीक भाई दूज का त्योहार छतरपुर जिले के एक परिवार के लिए गहरे दुख में बदल गया। मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के महाराजपुर क्षेत्र में फूफा के घर टीका करवाने आए एक 7 वर्षीय मासूम की तालाब में डूबने से मौत हो गई। इस दर्दनाक घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है।
सबसे भावुक दृश्य तब सामने आया जब अपने छोटे भाई को डूबता देख उसकी बड़ी बहन ने बिना देर किए तालाब में छलांग लगा दी। वह भाई को बचाने की कोशिश करती रही, लेकिन खुद भी पानी में डूबने लगी। ग्रामीणों ने दोनों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने बच्चे को मृत घोषित कर दिया।
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छतरपुर के महाराजपुर में हुआ दर्दनाक हादसा
यह दुखद घटना मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के महाराजपुर थाना क्षेत्र के ग्राम पुरमऊ में हुई। यहां उत्तर प्रदेश के महोबा जिले से एक परिवार भाई दूज का त्योहार मनाने आया था।
जानकारी के अनुसार महोबा जिले के ग्राम पवा निवासी अमित रैकवार अपने परिवार के साथ फूफा के घर टीका करवाने आया हुआ था। घर में त्योहार की खुशियां थीं और रिश्तेदारों के बीच हंसी-खुशी का माहौल था। लेकिन किसी ने भी यह नहीं सोचा था कि कुछ ही देर में यह खुशी मातम में बदल जाएगी।
तालाब में नहाते समय हुआ हादसा
गुरुवार को अमित अपनी बड़ी बहन नैंसी रैकवार के साथ घर के पीछे बने तालाब में नहाने चला गया। दोनों बच्चे खेलते हुए पानी में काफी देर तक नहाते रहे।
इसी दौरान अचानक अमित तालाब के अंदर बने एक गहरे गड्ढे में फंस गया और डूबने लगा। पानी की गहराई का अंदाजा न होने के कारण वह बाहर नहीं निकल सका और मदद के लिए छटपटाने लगा।
भाई को बचाने के लिए कूदी बहन
जब नैंसी ने अपने छोटे भाई को पानी में डूबते देखा तो वह घबरा गई। उसने बिना समय गंवाए तालाब में छलांग लगा दी। नैंसी ने अपने भाई को पकड़कर बाहर निकालने की कोशिश की, लेकिन तालाब के गहरे गड्ढे के कारण वह उसे बाहर नहीं निकाल पाई। भाई को बचाने की कोशिश करते-करते वह खुद भी पानी में डूबने लगी।
ग्रामीणों ने चलाया रेस्क्यू
तालाब के पास मौजूद लोगों ने जब बच्चों को पानी में छटपटाते देखा तो तुरंत शोर मचाया। गांव के कई लोग तुरंत तालाब में कूद पड़े और बच्चों को बचाने की कोशिश करने लगे। सबसे पहले नैंसी को बाहर निकाला गया क्योंकि वह पानी के ऊपर दिखाई दे रही थी। अमित कहीं नजर नहीं आ रहा था, इसलिए ग्रामीणों ने तालाब में उसे खोजने का प्रयास शुरू किया।
काफी देर बाद मिला मासूम
काफी देर तक तलाश करने के बाद ग्रामीणों को अमित तालाब के अंदर मिला। उसे तुरंत बाहर निकालकर परिवार के लोग जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद अमित को मृत घोषित कर दिया। यह खबर सुनते ही परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
बहन की हालत गंभीर
तालाब में डूबने के कारण नैंसी की हालत भी काफी गंभीर हो गई थी। डॉक्टरों ने उसकी स्थिति को देखते हुए उसे छतरपुर जिला अस्पताल के पीआईसीयू में भर्ती किया है। डॉक्टर लगातार उसकी हालत पर नजर रखे हुए हैं और उसका इलाज जारी है।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
इस हादसे ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। भाई दूज के दिन भाई को तिलक लगाने आई बहन अब अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रही है। वहीं परिवार ने एक मासूम बच्चे को हमेशा के लिए खो दिया।
गांव में पसरा मातम
इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल बन गया है। जिस घर में सुबह तक त्योहार की खुशियां थीं, वहां अब सन्नाटा और दुख का माहौल है। गांव के लोग भी इस घटना से बेहद दुखी हैं और परिवार को सांत्वना दे रहे हैं।
तालाब और गहरे पानी से सावधानी जरूरी
यह हादसा एक बड़ी चेतावनी भी है कि बच्चों को नदी, तालाब या गहरे पानी के पास अकेले नहीं जाने देना चाहिए। अक्सर बच्चे खेलते-खेलते पानी की गहराई का अंदाजा नहीं लगा पाते और हादसे हो जाते हैं।
