डॉक्टर पत्नी की हत्या, प्रेमिका को किए प्राइवेट मैसेज…सर्जन ने रचा मर्डर का सनसनीखेज प्लान
By Ashish Meena
अप्रैल 9, 2026
नई दिल्ली। बेंगलुरु में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक सर्जन पर अपनी ही डॉक्टर पत्नी की हत्या करने का आरोप है। जांच में अब ऐसे चैट सामने आए हैं, जिनसे पता चलता है कि आरोपी ने पहले से ही पूरा प्लान बना रखा था और अपनी प्रेमिका के साथ मिलकर सबूत छिपाने की कोशिश की।
यह मामला बेंगलुरु का है, जहां सर्जन महेंद्र रेड्डी पर अपनी पत्नी कृतिका रेड्डी की हत्या का आरोप है। पुलिस के मुताबिक, महेंद्र ने अपनी पत्नी को एनेस्थीसिया दवा की ओवरडोज देकर मार दिया।
यह घटना 21 अप्रैल की है, जब कृतिका की तबीयत अचानक खराब हुई थी। महेंद्र ही उन्हें अस्पताल लेकर गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। शुरुआत में यह मामला सामान्य मौत जैसा लग रहा था, लेकिन बाद में जांच में शक पैदा हुआ। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने अपने मेडिकल ज्ञान का इस्तेमाल करके हत्या को सामान्य मौत दिखाने की कोशिश की, ताकि तुरंत किसी को शक न हो।
प्रेमिका के साथ मिलकर रचा था प्लान
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि महेंद्र का एक नर्स हरिष्ठा के साथ संबंध था। दोनों के बीच हुई बातचीत इस केस में अहम सबूत बनी। सबसे चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि आरोपी ने व्हाट्सऐप जैसे सामान्य ऐप्स का इस्तेमाल नहीं किया, बल्कि UPI पेमेंट ऐप के जरिए मैसेज भेजे, ताकि बातचीत का रिकॉर्ड आसानी से न पकड़ा जा सके। पुलिस को दोनों के बीच कई आपत्तिजनक और अहम चैट्स मिले हैं, जो इस केस में आरोपी के खिलाफ मजबूत सबूत माने जा रहे हैं।
चैट में कबूली हत्या
जांच एजेंसियों के मुताबिक, आरोपी ने अपनी प्रेमिका को मैसेज में लिखा था कि अगर पुलिस पूछे तो उनके रिश्ते को सिर्फ दोस्ती बताना। एक मैसेज में उसने कहा, “कहीं भी कॉल या मैसेज मत करना। पुलिस पूछे तो कहना हम दोस्त हैं।” वहीं एक अन्य मैसेज में उसने यह भी लिखा कि उसने कृतिका की हत्या की है और अब उसे जेल जाना पड़ेगा। इन मैसेज से साफ होता है कि आरोपी को अपने किए का एहसास था।
भारी डिजिटल सबूत और कोर्ट का फैसला
पुलिस ने इस मामले में बड़ी मात्रा में डिजिटल और फॉरेंसिक सबूत जुटाए हैं। फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी ने 10 लाख से ज्यादा डिजिटल फाइलें इकट्ठा की हैं, जिनमें PhonePe चैट, डिलीट किया गया डेटा और अन्य सामग्री शामिल है। महेंद्र और कृतिका की शादी मई 2024 में हुई थी और दोनों एक ही अस्पताल में काम करते थे। इस मामले की गंभीरता और मजबूत सबूतों को देखते हुए कोर्ट ने महेंद्र की जमानत याचिका खारिज कर दी है।
